सपने में दिखे ये सब चीज़े तो आने वाली है बहुत बड़ी खुसखबरी

व्यापार ठीक से चले, तो आपको लखपति और करोड़पति तक बना देता है। यदि यह घाटे में चला जाए, तो आप रोड पर आ जाते हैं। कई बार तो हम दिन-रात कड़ी मेहनत करते हैं, इसके बावजूद हमें सफलता प्राप्त नहीं होती है। इसके कई कारण हो सकते हैं, जिनमें वास्तु दोष भी एक कारण हो सकता है। सकारात्मक ऊर्जा के रहने से घर में खुशहाली और रोजगार में सफलता मिलती है। वहीं, अगर नकारात्मक ऊर्जा बढ़ने लगे, तो हमारे साथ दुख और अशुभ घटनाएं घटित होने लगती हैं। इन सभी परेशानियों से छुटकारा पाने के लिए वास्तुशास्त्र में कई उपाय बताए गए हैं।

घर में तुरंत इस जगह लगा दे दर्पण फ़कीर भी रातो रात बनजाये करोड़पति

 

अक्सर आम जिंदगी में होता कुछ यूं है कि जब तक मनुष्य अपने मान की संतुष्टि के लिए एक बार आईना न देख ले तब तक वह भटकता ही रहता है। आज के समय में मनुष्य की जिंदगी में यदि शीशा न हो तो वह शायद ही कुछ कर पाए। लेकिन क्या आपको पता है कि आईना लगाने की ठीक जगह देखा जाता है जिसका जहां मन होता है वह उस जगह ही अक्सर शीशा टंगवा देता है, लेकिन आपको बता दें कि शीशे को हमेशा सही दिशा में ही लगवाना चाहिए।

यदि आप ऐसा नहीं करते हैं तो जरूर हो सकता है आपके साथ भी कुछ न कुछ गलत। तो चालिए आज हम आपको बताएंगे आईने को घर में किस दिशा में रखना चाहिए। आईने को भूलकर भी कभी दक्षिण दिशा में नहीं लगाना चाहिए। यह दिशा यम की दिशा मानी जाती है।

इस दिशा में आईना लगाने से नकारात्मक ऊर्जा फैलती है तथा वस्तुओं को खराब करती है। इससे घर में क्लेश हकता है और घर के लोगो का तबियत भी ठीक नही रहता है। अखिर आईने के लिए कौन सी जगह एक दम ठीक। बता दें आईने को हमेशा उत्तर और उत्तर पूर्व दिशा में ही लगाए।

हमेशा ध्यान रखे की गोल आकृति का दर्पण वास्तु विज्ञान के अनुसार अनुकूल नहीं होता है। आयताकार और वर्गाकार दर्पण का प्रयोग वास्तु के हिसाब से अच्छा होता है।

घर के दक्षिण या पश्चिम दिशा दिशा में दर्पण का होना कष्टकारी होता है। इसलिए इस दिशा में दर्पण नहीं लगाएं। दर्पण पर धूल मिट्टी नहीं जमने दें और यह भी ध्यान रखें कि आपके घर में बेसमेंट है या नैऋत्य कोण यानी दक्षिण पश्चिम में टॉयलेट-बाथरूम है तो पूर्वी दीवार पर एक वर्गाकार दर्पण लगाएं इससे वास्तु दोष दूर होगा।

यह स्थिति वस्तु के अनुसार बिल्कुल सही मानी जाती है। इस दिशा में शास्तिक ऊर्जा का वास है। अगर आपके घर मे इस दिशा में लगाने का स्थान नही है तो आप आईने को पूर्व दिशा में भी लगा सकते है। जिससे की आपके घर में कुछ गलत न हो। कभी किसी से क्लेश न हो। यदि आप वस्तु के हिसाब से घर में चीजों को सही तरीके से रखेंगे तो आप खुश रहेंगे।

घर में रखी ये 3 चीज़े आदमी को बना देती है कंगाल होती है बर्बादी

हमारे देश में वास्तु शास्त्र और ज्योतिषशास्त्र को मानने वाले बहुत सारे लोग होते है जो अपना हर काम वास्तु शास्त्र के अनुसार ही करते है। ऐसे लोग वास्तु से जुड़ी हर छोटी से छोटी से चीज का भी बहुत ख्याल रखते है और वास्तु से जुड़ी किसी भी नई बात को जानने के इच्छुक रहते है। तो हम आज उन लोगों के लिए वास्तु से जुड़ी एक बात बताने जा रहे है जिसके बारे में आप जरूर जानना चाहेगे।

घर में घड़ी लगाना तो जरूरी होता है क्योकि बिना घड़ी के हम बहुत सारे काम करने में लेट हो जाते है। कुछ लोग घड़ी दीवार पर लगी हुई कीलों के अनुसार लगा देते है तो कुछ लोग दीवार पर घडी दीवार पर स्पेस के हिसाब से लगाते है लेकिन हम आपको आज बताते है कि वास्तु के अनुसार घर की किस दीवार पर घड़ी लगाना शुभ होता है। क्योकि घड़ी से संबंधित कुछ महत्वपूर्ण बातें जो निश्चित ही आपके जीवन की सभी परेशानियां दूर करके आपको ऊंचाइयों पर ले जाएगी और सफलता निरंतर आपके कदम चूमेगी।

1. वास्तु विज्ञान में उत्तर और पूर्व दिशा को वृद्धि की दिशा माना गया है। इसलिए घड़ी उत्तर या पूर्व दिशा की दीवार पर लगाएं।
2. घर में हरे अौर अॉरेज रंग की अौर दुकान में काले अौर डार्क नीले रंग की घड़ी नहीं लगानी चाहिए। इससे घर अौर दुकान में नकारात्मक ऊर्जा का वास होता है।
3. घर में पेंडुलम वाली घड़ी लगाने से व्यक्ति के जीवन का बुरा समय दूर होता है अौर उन्नति के नए अवसर मिलते हैं।

4. घर में बंद घड़ी नहीं रखनी चाहिए। इससे घर की नकारात्मक ऊर्जा में वृद्धि अौर सकारात्मक ऊर्जा में कमी आती है। इसके साथ ही ऐसी घड़ी व्यक्ति की प्रगति में रूकावट बनती है। घर की सारी बंद पड़ी घड़ियों को घर में न रखें। इसके साथ ही घड़ी पर धूल भी नहीं जमनी चाहिए।

5. घर के हॉल में चौकोर अौर शयन कक्ष में गोल घड़ी लगानी चाहिए। ऐसा करने से घर में शांति अौर प्यार बना रहता है।

खुद भगवान शिव देंगे हर कदम पर साथ बस आज ही छोड़े ये 5 काम

स्त्री हो या पुरुष, दोनों के लिए सुबह की शुरुआत अच्छी हो जाए तो पूरा दिन सुखद और शांत रहता है। इसी वजह सुबह-सुबह कोई ऐसा काम नहीं करना चाहिए, जिससे दिन की शुरुआत ही बिगड़ जाए। यदि ऐसा होता है तो पूरे दिन ही हमारे स्वभाव पर और सभी कामों पर इसका गलत असर होता रहेगा। यहां जानिए शास्त्रानुसार सुबह कौन से 5 काम नहीं करने चाहिए।

वाद-विवाद न करें
सुबह उठते ही जीवन साथी से या परिवार के किसी और सदस्य से वाद-विवाद नहीं करना चाहिए। परिवार से प्रसन्न होकर मिलें। यदि सुबह से वाद-विवाद हो जाएगा तो दिनभर इसका तनाव बना रहेगा। हम स्वयं भी दुखी रहेंगे और परिवार के सदस्य भी।

क्रोध न करें
क्रोध को इंसान का सबसे बड़ा शत्रु बताया गया है। इस भाव में किए गए कार्य परेशानियों का ही कारण बनते हैं। यदि दिन की शुरुआत में ही हमें गुस्सा आ जाएगा तो पूरे दिन स्वभाव में ये भाव बना रहेगा। क्रोध में व्यक्ति को सही-गलत का ध्यान नहीं रह पाता है, वाणी पर नियंत्रण नहीं रह पाता है। कभी-कभी ऐसे शब्द बोल दिए जाते हैं, जो रिश्तों को बर्बाद भी कर सकते हैं। इसलिए इस बुराई से दूर ही रहना चाहिए। क्रोध को काबू करने के लिए सुबह-सुबह कुछ देर योग-ध्यान करना चाहिए।


किसी का अपमान न करें

सुबह के समय परिवार के सभी सदस्यों से सम्मान पूर्वक व्यवहार करना चाहिए। विशेष रूप से माता-पिता के संबंध में ये बात हमेशा ध्यान रखना चाहिए। परिवार में कभी-कभी कुछ ऐसी बातें हो जाती हैं, जब रिश्तों में तनाव उत्पन्न हो जाता है। ऐसी स्थितियों में किसी का अपमान नहीं करना चाहिए। परिवार में कही गई अपमानजनक बातें, दोनों पक्षों को बहुत पीड़ा (दर्द) देती हैं। यदि सुबह ऐसा हो जाए तो दिनभर मन उदास रहता है।

ज्यादा देर तक सोना नहीं चाहिए
सुबह ब्रह्म मुहूर्त में यानी सूर्योदय से पहले ही बिस्तर छोड़ देना चाहिए। शास्त्रों के अनुसार सुबह जल्दी जागने वाले लोगों पर सभी देवी-देवताओं की कृपा बनी रहती है, साथ ही स्वास्थ्य के लिए भी ये वरदान है। जो लोग सुबह देर तक सोते रहते हैं, वे आलस्य का शिकार हो सकते हैं। इस कारण दिनभर कार्यों में गति नहीं बन पाती है, उत्साह में कमी आती है। सुबह देर तक सोना, स्वास्थ्य के लिए भी हानिकारक है। मोटापे की समस्या हो सकती है और त्वचा की चमक कम हो सकती है।

झूठ नहीं बोलना चाहिए
ये बात सभी जानते हैं कि झूठ नहीं बोलना चाहिए, लेकिन फिर भी अधिकांश लोग झूठ बोलते हैं। कम से कम सुबह-सुबह तो झूठ नहीं बोलना चाहिए। यदि दिन की शुरुआत ही झूठ के साथ होगी तो पता नहीं दिन में कितने झूठ बोलना पड़ सकते हैं। झूठ बोलना भी पाप ही माना गया है। इससे बचना चाहिए। विशेष रूप से माता-पिता को इस बात का ध्यान रखना चाहिए कि बच्चों के सामने झूठ न बोलें, क्योंकि बच्चे जैसा देखेंगे, वैसा ही करेंगे। दिन की शुरुआत सत्य का आचरण करते हुए ही करना चाहिए। सत्य का आचरण करना यानी सच बोलना।

आज ही पर्स में रख ले ये छोटी सी चीज़ सालो साल रहेगा जेब में पैसा ही पैसा

आज के समय में हर कोई धन की चाह रखता है और गाड़ी बंगला पाने के लिए जद्दोजहद भी करता है। ऐसा कोई ना होगा जो ऐसी इच्छा ना रखता होगा। यदि बहुत सारा नहीं तो कम से कम इतना धन हो की इंसान अपना गुजारा कर सके। धन को प्राप्त करने के लिए कुछ सही राह चुनते है, वे धन पाने के लिए कड़ी मेहनत करते है परंतु कुछ लोग छल से शीघ्र धन कमाते है। दूसरी तरफ कुछ लोगों के पास पैसे तो रहते है पर टिकते नहीं है।

अधिकतर लोगों की यही शिकायत रहती है। इस तरह की समस्या के समाधान के लिए शास्त्रों से जुड़े अचूक उपाय बताए गए है, जिन्हें अपनाने से आपके पास सदैव धन टिका रहेगा और पर्स कभी खाली नहीं होगा। आम तौर पर आप कुछ जरुरी चीजे जैसे ड्राइविंग लाइसेंस, आईडी प्रूफ और पैसों को हमेशा अपने पर्स में रखते हैं|ज्योतिषशास्त्र के अनुसार पर्स में पैसे तभी टिकते हैं जब आपके ऊपर देवी लक्ष्मी की कृपा हो.|

शास्त्रों में अनाज और धन दोनों एक ही समान कहे गए है। अतः चावल का भी पर्स में रखने का महत्व है। यदि आप अपने पर्स में चुटकी भर चावल रखते है तो ये आपके अनचाहे खर्च को कम करता है।ज्योतिष शास्त्र के अनुसार पर्स में शीशे का कोई टुकड़ा या एक छोटा से चाक़ू रखना चाहिए ये उपाय भी धन बढ़ाते है। इसके आलावा आप पर्स में कौड़ी या गोमती चक्र भी रख सकते है। यदि आपके पास कोई चांदी का सिक्का पड़ा हो तो इसे भी पर्स में रखने से धन लाभ होता है।

चांदी का सिक्का या सोने का सिक्का पर्स में रखने से मां लक्ष्मी खुश होती है और धन की वर्षा करती है। परंतु ध्यान रहे की सोने या चांदी के सिक्के को पर्स में रखने से पूर्व इसे घर के मंदिर में मां लक्ष्मी के चरणों में रखे।आपका पर्स यदि फटा हुआ है तो उसे तुरंत बदल लें क्योंकि फटे हुए पर्स में पैसे नहीं टिकते

मां लक्ष्मी धन संबंधित हर समस्या का समाधान कर देती है। माता लक्ष्मी की तस्वीर यदि आप आपने पर्स में रखेंगे तो कभी भी पैसे की कमी नहीं होगी। परंतु माता लक्ष्मी की वहीं पिक्चर अपने पर्स में रखे जिसमे वे बैठी हुई मुद्रा में हो। हमारे हिंदू धर्म में पीपल और तुलसी दोनों को ही पूजनीय मानकर उनकी पूजा की जाती है।

शास्त्रों में इनका अत्यधिक महत्व है और दोनों के संबंध में अनेक शास्त्रीय उपाय भी है जिनमे धन से जुड़ा उपाय भी शामिल है। वास्तु शास्त्र में बताया गया है की पर्स में सदैव पीपल का पत्ता रखना चाहिए। धन लाभ होता है। पीपल के पत्ते को अभिमंत्रित करने के बाद शुभ मुहूर्त में इसे पर्स में नोटों के साथ रखना चाहिए। ऐसा करने से आपका पर्स सदैव धन से भरा होगा, जरूरत के समय आपको कभी भी पैसे की कमी नहीं होगी।

बचपन से जिसके हाथ में होती है यह छोटी सी रेखा कोई नहीं रोक सकता उसे जनता पर राज करने से

घर में खुशियां बनी रहें, इसके लिए हम हर संभव प्रयास करते हैं, लेकिन फिर भी लाभ नहीं होता। सोचिए ऐसा क्यों हो रहा है? इसका कारण घर में रखा टूटा सामान भी हो सकता है। वास्तु और ज्योतिषशास्‍त्र में ऐसे कई उपाय बताए गए हैं, जो घर को खुशहाल और संपन्न बनाते हैं। धार्मिक ग्रंथों  के अनुसार, घर में ऐसी कोई भी वस्तु नहीं रखनी चाहिए जिससे घर में नकारात्मक ऊर्जा हावी हो।

बस बाल्टी भर पानी का ये उपाय रातोरात बना देगा आपको करोड़पति

हमारे घर के अंदर सही वातावरण के निर्माण में वास्तु का बहुत महत्व होता है। वास्तु पूरी तरह से वास्तुपुरुष द्वारा नियंत्रित होता है जो घर में अच्छे और स्वस्थ वातावरण का निर्माण करता है। अगर घर का निर्माण या रहने के दौरान वास्तु के नियमों का पालन ना किया जाए तो इसकी वजह से वास्तु दोष का निर्माण होता है। यहाँ पर इस प्रकर के पौधों के बारे में बताया गया है जिनको घर में रखने से सकारात्मक ऊर्जा उत्पन्न होती है।

घर में दूध वाले पौधों को लगाने से बचें क्योंकि ये घर में अस्वस्थ वातावरण का निर्माण करते है।

यदि आपके घर के पास बोनसाई का पौधा हैं तो तुरंत इस पौधे को वहां से हटा दें क्योंकि जैसे जैसे यह बढ़ता है, वैसे ही यह आपकी प्रगति को प्रतिबंधित करता है।

अगर आप वास्तव में अपने घर पर शांति लाना चाहते है तो अपने घर में नींबू, कमल और चमेली जैसे पौधे लगायें जो कि आपके दिन को भी अच्छा बनाते है।

अगर आप अपने घर के अंदर किसी भी तरह का पौधा रखते है तो इसके बारे में एक बात का विशेष ध्यान रखें कि इसकी लम्बाई 3 फ़ीट से ज्यादा नहीं होनी चाहिए।

घर में पौधे रखने के लिए सही वास्तु दिशा का प्रयोग करें। आप अपने घर में पौधे रखने के लिए उत्तर, पूर्व और उत्तर पूर्व दिशा का चयन कर सकते है क्योंकि इन दिशाओं में पौधे लगाना शुभ रहता है।

घर में शांति और धन लाने के लिए सफ़ेद लिली का पौधा लगायें। आप इस पौधे को अच्छे परिणाम प्राप्त करने के लिए अपने ऑफिस में भी लगा सकते है।

सुबह उठते ही घर के कमरे में दिखे यह तो आ चुके है अच्छे दिन जमकर बरसने वाला है पैसा

आने वाले कल में हमारे साथ क्या होगा अच्छा या बुरा ये कुछ संकेतों से जाना जा सकता है। सुबह का आगाज होते ही हमारी मनचाही इच्छा पूरी होगी या नहीं, इस बात का पता ज्योतिष विज्ञान में बताए गए कुछ खास संकेतो से होता है। घर से बाहर आने पर यदि कोई सुहागन महिला अपने हाथ में पूजा की थाली पकड़े दिख जाए तो समझ जाएं जल्द आप पर धन के देवता मेहरबान होने वाले हैं।

बृहस्पतिवार को अविवाहित कन्या सुबह-सवेरे पीले रंग के वस्त्रों में दिख जाए तो बेइंतहा धन का आगमन होता है।

दाएं हाथ में खुजली हो तो डूबा पैसा वापिस आता है या आकस्मिक धन लाभ होता है।

शुक्रवार की सुबह घर से निकलने पर केसरियां या सफेद रंग की गाय का दर्शन हो जाए तो अपने ऊपर महलक्ष्मी की विशेष कृपा समझें।

कोई किन्नर नई नवेली दुल्हन की तरह सजा दिखाई दे तो आर्थिक पक्ष मजबूत होता है।

सुबह आंख खुलने पर पहली नजर दूध अथवा दही से भरे पात्र पर पड़ जाए तो दिन मंगलमय व्यतित होता है।

सुबह नींद खुलने पर शंख अथवा मंदिर से घंटियों, भजन और आरती की ध्वनि सुनाई दे तो सारा दिन किसी भी तरह की कोई परेशानी सिर नहीं उठाती।

सुबह के समय गन्ना दिखने पर आर्थिक हालात में सुधार होता है।

नारियल, हंस, शंख, मोर सुबह के वक्त दिख जाएं तो सौभाग्य सूचक होता है।

यात्रा पर जाते समय दाएं हाथ बंदर, कुता, सांप अथवा कोई पक्षी दिख जाए तो यात्रा सुखद व आनंददायक होती है।

घर में पूजा के बाद बोले ये 4 शब्द आपकी कोई भी मनोकमना मिनटों में होगी पूरी

हिन्दू धर्म में पूजा और फिर आरती का बहुत महत्व है। ऐसी मान्यता है कि नित्य पूजा अर्चना और ईश्वर से आराधना से घर में सकारात्मक ऊर्जा का फैलाव होता है। सबसे अहम कि आज की भाग-दौड़ भरी जिंदगी में पूजा हमारी भावनाओं तथा हमारे मनोबल को और अधिक ताकत देती है। इसलिए हमारे घर में प्रतिदन पूजा हो, इसकी व्यवस्था होनी चाहिए। लेकिन यह बहुत कम लोगों को पता है कि पूजन के आखिर में धार्मिक कर्म विशेषकर देव पूजा तथा आरती के अंत में की जाने वाली चार कामनाएं करने का भी विधान प्रचलित है। धार्मिक भावों से सराबोर ये सिर्फ चार बातें व्यवहारिक जीवन में आने वाले हर मुश्किल वक्त में समस्याओं, व्यवधानों तथा बुरे विचारों से हमें छुटकारा दिलाती हैं। ये उपाय बेहद सरल भी हैं।

Third party image reference

धर्म की जय हो।

अधर्म का नाश हो।

प्राणियों में सद्भावना हो।

विश्व का कल्याण हो।

प्रतिदिन भगवान की पूजा तथा आरती के बाद अगर आप ये चार पंक्तियां बोलते हैं तो ये चार गूढ़ अर्थ वाली बातें हैं और ये आपको सकारात्मकता प्रदान कर हर बुरे विचारों तथा कष्ट से छुटकारा दिलवाने में कारगर साबित हो सकता है। पहली पंक्ति में धर्म का गुणगान हमें कार्य के प्रति सत्यता, निष्ठा, समर्पण का भाव जगाता है तो वहीं अधर्म के नाश की पंक्ति हमें ईष्या, द्वेष, स्वार्थ से अलग रहने के प्रति संकल्पित करता है। तीसरी पंक्ति हमें मिलजुल कर रहने की प्रेरणा देती है तथा अंत में समस्त जग के कल्याण की बातें करते हैं।

शब्द ब्रह्म होता है और हमारे हर शब्द इस वायुमंडल में विद्वमान होता है। कहने का तात्पर्य यह है कि अगर हम सच्चे भाव से इन चार पंक्तियों को आप रोज पूजा के बाद बोलते हैं तो आपके जीवन पर सकारात्मक प्रभाव पड़ना शुरू हो जाता है।

जिस घर में होती हे ये 5 चीज़े उस घर से माँ लक्ष्मी चली जाती है हमेशा के लिए दूर

 

अगर अचानक आपके दिन बदलने लगें, अच्छे दिन बुरे दिनों में बदल जाएं तो आप सम्भल जाएं। अगर आपके साथ ऐसा होने लगे तो अपने ही घर में रखी चीजों पर ध्यान दें। अक्सर घर में रखी कुछ चीजें एक समय के बाद बुरा असर देने लगती है।
भारतीय वास्तुशास्त्र अनुसार घर में क्या रखना चाहिए और क्या नहीं? यह जानना जरूरी है। कई बार एक छोटी सी वस्तु से ही व्यक्ति का भाग्य रुका रह जाता है या उसको किसी प्रकार की विपत्ति का सामना करना पड़ता है। याद रखें निर्जीव वस्तु में अपनी एक ऊर्जा होती है।

पिछली बार हमने आपको बताया था कि घर में कौन-सी वस्तुएं रखें जिससे जीवन हो सुखमयी। इस बार हम बताने जा रहे हैं कि ऐसी कौन-सी 13 वस्तुएं हैं, जो घर में नहीं रखना चाहिए जिससे घर में नकारात्मक ऊर्जा का विकास होता है और जीवन दुखमयी बन जाता है। अंतिम पांच वस्तुओं के बारे में आप जानकर हैरान रह जाएंगे।

टूटे-फूटे बर्तन, दर्पण, इलेक्ट्रॉनिक सामान, तस्वीर, फर्नीचर, पलंग, घड़ी, दीपक, झाड़ू, मग, कप आदि कोई सा भी सामान घर में नहीं रखना चाहिए। इससे घर में नकारात्मक ऊर्जा का निर्माण होता है और व्यक्ति मानसिक परेशानियां झेलता है। यह भी माना जाता है कि इससे वास्तु दोष तो उत्पन्न होता ही है, लक्ष्मी का आगमन भी रुक जाता है।

ये तस्वीरें न रखें : कहते हैं कि महाभारत युद्ध का चित्र, नटराज की मूर्ति, ताजमहल का चित्र, डूबती हुई नाव या जहाज, फव्वारे, जंगली जानवरों के चित्र और कांटेदार पौधों के चित्र घर में नहीं लगाना चाहिए। कहते हैं कि इससे मन पर बुरा प्रभाव पड़ता है और लगातार इन चित्रों को देखते रहने से नकारात्मक भावों का ही विकास होता है जिसके चलते हमारे जीवन में अच्‍छी घटनाएं घटना बंद हो जाती हैं।

कहा जाता है कि महाभारत एक युद्ध का चित्र है जिससे घर में क्लेश बढ़ता है। नटराज की मूर्ति या‍ चित्र में शिव तांडव नृत्य मुद्रा में दर्शाए गए हैं, जो कि विनाश का प्रतीक है इसलिए इसे घर में नहीं रखना चाहिए। ताजमहल एक कब्रगाह अर्थात यह मौत से जुड़ा है इसलिए इसके रहने से भी मानसिकता नकारात्मक हो जाती है। डूबते जहाज का चित्र आपके सौभाग्य को भी डुबो देगा। इससे रिश्तों में बदलाव आ जाता है।

फव्वारे के चित्र का असर यह होगा कि जिस तरह घर में समृद्धि या पैसा आता है उसी तरह वह व्यर्थ बह जाएगा। बहते पानी के साथ आपका पैसा भी बह जाएगा। उसी तरह जंगली या हिंसक जानवरों के चित्र लगाने से आपके घर के लोग भी उसी स्वभाव के होने लगेंगे। कैक्टस या कांटोंभरे पौधों का चित्र भी आपके ‍जीवन में कांटे बो देगा।

चित्र या तस्वीर लगाते वक्त ध्यान रखें वास्तु का। यदि कलाकृतियों के नाम पर कुछ ऐसी वस्तुएं या पेंटिंग हैं जिसमें सूखे ठूंठ हो, मानवरहित उजाड़ शहर हो, बिखरा हुआ घर हो, सूखा पहाड़ हो या वे सभी मृतप्राय: सजावटी वस्तुएं हों, जो मानी तो जाती हैं कलात्मक लेकिन वास्तु शास्त्र अनुसार ये सभी नकारात्मक ऊर्जा पैदा करती हैं।